आभासी डिजिटल परिसंपत्तियों पर करारोपण के निहितार्थ

📌 संदर्भ

✅ वर्तमान में डिजिटल अर्थव्यवस्थाएँ और ब्लॉकचेन तकनीक वैश्विक वित्त प्रणाली को नया स्वरूप दे रही हैं।
✅ भारत सहित विभिन्न देश आभासी डिजिटल परिसंपत्तियों (Virtual Digital Assets – VDA) के विनियमन, वर्गीकरण और कराधान से जुड़ी चुनौतियों का सामना कर रहे हैं।
✅ इन चुनौतियों से निपटने के लिए भारत सरकार ने आयकर विधेयक, 2025 प्रस्तुत किया है।


📜 आयकर विधेयक, 2025 की प्रमुख विशेषताएँ

वी.डी.ए. की परिभाषाधारा 2(111) में वी.डी.ए. को संपत्ति और पूंजीगत परिसंपत्ति के रूप में वर्गीकृत किया गया है।
क्रिप्टो संपत्तियाँ, नॉन-फंजिबल टोकन (NFT) एवं अन्य डिजिटल परिसंपत्तियाँ इस श्रेणी में शामिल हैं।
वी.डी.ए. पर 30% कर लगाया गया है।


📊 कराधान और अनुपालन

1️   पूंजीगत परिसंपत्ति के रूप में कराधान
धारा 76(1) के तहत वी.डी.ए. को रियल एस्टेट, स्टॉक और बॉन्ड जैसी संपत्तियों के समान कर योग्य बनाया गया है।
लेन-देन, हस्तांतरण या बिक्री से प्राप्त लाभ पर पूंजीगत लाभ कर लागू होगा।
यह अनियमित वित्तीय साधनों के दुरुपयोग को रोकने में मदद करेगा।

2️ कर कटौती का लाभ नहीं
वी.डी.ए. के लेन-देन में माइनिंग, ट्रांजैक्शन शुल्क, प्लेटफॉर्म कमीशन और गैस शुल्क की कटौती अनुमति नहीं होगी।
उदाहरण:

  • यदि कोई निवेशक ₹5 लाख में इथेरियम खरीदता है और उसे ₹7 लाख में बेचता है, तो ₹2 लाख के लाभ पर 30% कर लगेगा

3️ स्रोत पर कर कटौती (TDS) लागू
धारा 393 के तहत 1% TDS लागू किया गया है।
₹50,000 (छोटे व्यापारियों) और ₹10,000 (अन्य के लिए) की सीमा तय की गई है।
पीयर-टू-पीयर (P2P) लेन-देन भी TDS के दायरे में आएंगे।


🔍 वी.डी.ए. के लिए सख्त अनुपालन नियम

आयकर रिटर्न में जानकारी देना अनिवार्य (धारा 301)
✔ यदि कोई व्यक्ति वी.डी.ए. होल्डिंग्स की रिपोर्ट नहीं करता, तो उसे अघोषित आय माना जाएगा।
कर अधिकारियों को वी.डी.ए. जब्त करने की शक्ति (धारा 524)
क्रिप्टो प्लेटफ़ॉर्म को लेन-देन की रिपोर्टिंग अनिवार्य (धारा 509)
वी.डी.ए. को वार्षिक सूचना विवरण (AIS) में जोड़ा जाएगा जिससे सरकार कर अनुपालन सुनिश्चित कर सके।


🌎 अन्य देशों में वी.डी.ए. कराधान और नियमन

देशविनियमन और कराधान नीति
🇬🇧 यू.के.पूंजीगत लाभ कर के तहत आता है, न्यायालय क्रिप्टो परिसंपत्तियों को जब्त कर सकता है।
🇺🇸 अमेरिकाSEC कई क्रिप्टो संपत्तियों को प्रतिभूतियों के रूप में मानता है।
🇳🇿 न्यूजीलैंडक्रिप्टो परिसंपत्तियों को संपत्ति के रूप में मानता है और इन पर कर लगाया जाता है।
🇦🇪 UAEVARA के तहत क्रिप्टो संपत्तियों को विनियमित किया जाता है।

🚨 भारत में वी.डी.ए. विनियमन से जुड़ी चुनौतियाँ

स्पष्ट नियामक ढांचे की कमी
निवेशक संरक्षण और प्रवर्तन तंत्र की सीमाएँ
विनिमय और लेन-देन के लिए मानक दिशानिर्देशों का अभाव


🛤 आगे की राह

अंतर्राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप वी.डी.ए. को पूंजीगत संपत्ति के रूप में वर्गीकृत करना सही कदम है।
सरकार को एक सुसंगत नीति ढांचा विकसित करना होगा, जो वित्तीय विनियमन, उपभोक्ता संरक्षण और तकनीकी विकास के बीच संतुलन बनाए।
अनुपालन और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए ब्लॉकचेन ट्रैकिंग सिस्टम को लागू करना होगा।


🔎 निष्कर्ष

आयकर विधेयक, 2025 के तहत वी.डी.ए. को संपत्ति के रूप में परिभाषित करना भारतीय वित्तीय तंत्र में पारदर्शिता लाने और अवैध वित्तीय गतिविधियों को रोकने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। हालांकि, इसके प्रभावी कार्यान्वयन के लिए एक संतुलित, व्यापक और स्पष्ट नियामक ढांचे की आवश्यकता होगी। 🚀