भारत की पहली हाइड्रोजन ट्रेन: जींद-सोनीपत (UPPCS 2026)

भारत की पहली हाइड्रोजन ट्रेन (जींद-सोनीपत, हरियाणा) | UPPCS Prelims 2026

भाषा / Language:

भारत की पहली हाइड्रोजन ट्रेन का ट्रायल हरियाणा में हुआ है। यह ट्रेन धुआँ नहीं, केवल पानी की भाप छोड़ती है।

चर्चा में क्यों?

26 फ़रवरी 2026 को भारत की पहली हाइड्रोजन-संचालित ट्रेन को हरियाणा में ट्रायल पर चलाया गया।

मुख्य बिंदु

  • जींद रेलवे स्टेशन से ललितखेड़ा रेलवे स्टेशन तक लगभग 20 किमी का सफल ट्रायल हुआ।
  • इसे जींद-सोनीपत मार्ग पर उत्तर रेलवे द्वारा चलाया जाना है।
  • ट्रेन में 1,200 किलोवाट की दो ड्राइविंग पावर कार (DPC) हैं, यानी कुल क्षमता 2,400 किलोवाट।
  • यह हाइड्रोजन फ़्यूल-सेल से बिजली बनाकर चलती है और इसका उप-उत्पाद केवल जल-वाष्प है।

हाइड्रोजन फ़्यूल-सेल कैसे काम करता है?

फ़्यूल-सेल में हाइड्रोजन और हवा की ऑक्सीजन आपस में रासायनिक क्रिया करके बिजली बनाते हैं। इसमें ईंधन जलता नहीं है, इसलिए कार्बन उत्सर्जन नहीं होता और केवल पानी बनता है। भारत ने ग्रीन हाइड्रोजन को बढ़ावा देने के लिए 2023 में राष्ट्रीय ग्रीन हाइड्रोजन मिशन शुरू किया है, जिसका लक्ष्य 2030 तक हर साल 50 लाख टन ग्रीन हाइड्रोजन उत्पादन है।

निष्कर्ष

यह डीज़ल रेल से हरित ईंधन की ओर संक्रमण का संकेत है और रेलवे की “हाइड्रोजन फ़ॉर हेरिटेज” जैसी पहलों को बल देता है, जिसके तहत पहाड़ी और विरासत मार्गों पर हाइड्रोजन ट्रेनें चलाने की योजना है।

अभ्यास प्रश्न (MCQ)

प्रश्न 1. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. भारत की पहली हाइड्रोजन ट्रेन दक्षिण रेलवे द्वारा जींद-सोनीपत मार्ग पर चलाई जानी है।
2. इस ट्रेन में 1,200 किलोवाट की तीन ड्राइविंग पावर कार लगी हैं।
उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
(a) न तो 1 और न ही 2   (b) केवल 1   (c) केवल 2   (d) 1 और 2 दोनों
उत्तर: (a)। ट्रेन उत्तर रेलवे चलाएगा, और इसमें दो पावर कार हैं, तीन नहीं।

प्रश्न 2. हरियाणा में चलाई गई हाइड्रोजन ट्रेन की कुल क्षमता कितनी है?
(a) 1,200 kW   (b) 1,800 kW   (c) 3,600 kW   (d) 2,400 kW
उत्तर: (d)

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